पाकिस्तान की बड़ी कार्रवाई: दुबई के अरबपति मलिक रियाज की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल से संपर्क

पाकिस्तान ने दुबई के अरबपति मलिक रियाज की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल से मदद मांगी है। अल-कादिर ट्रस्ट मामले में आरोपी रियाज के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी है।

Apr 30, 2026 - 13:35
 0  2
पाकिस्तान की बड़ी कार्रवाई: दुबई के अरबपति मलिक रियाज की गिरफ्तारी के लिए इंटरपोल से संपर्क

दुबई की नागरिकता रखने वाले पाकिस्तानी अरबपति मलिक रियाज को पुलिस ने गिरफ्तार करने की तैयारी शुरू कर दी है। यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और पाकिस्तान के बीच तनाव का माहौल बना हुआ है। पाकिस्तान सरकार ने मलिक रियाज को पकड़ने के लिए अंतरराष्ट्रीय पुलिस संगठन इंटरपोल से संपर्क साधा है। पाकिस्तान और संयुक्त अरब अमीरात के बीच हाल के दिनों में अदावतें बढ़ती जा रही हैं। यूएई का कर्ज चुकाने के बाद अब पाकिस्तान की सरकार दुबई के मशहूर अरबपति मलिक रियाज को गिरफ्तार करना चाहती है, जिसके लिए पुलिस ने औपचारिक तैयारी शुरू कर दी है।

अल-कादिर ट्रस्ट मामला और कानूनी कार्रवाई

मलिक रियाज मूल रूप से पाकिस्तान से ताल्लुक रखते हैं और उन पर अल-कादिर ट्रस्ट मामले में भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं और पाकिस्तान की पुलिस ने मलिक को दुबई से वापस लाने के लिए इंटरपोल से सहायता मांगी है। अल अरबिया की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान पुलिस ने इंटरपोल से मलिक की गिरफ्तारी में मदद देने का आग्रह किया है। पुलिस का आधिकारिक तौर पर कहना है कि मलिक रियाज के खिलाफ पाकिस्तान की एक अदालत से गैर-जमानती वारंट जारी किया जा चुका है, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की जा रही है।

मलिक रियाज का प्रोफाइल और कारोबारी साम्राज्य

एक समय में मलिक रियाज की गिनती पाकिस्तान के सबसे शीर्ष उद्योगपतियों में की जाती थी। वह मुख्य रूप से एक रियल स्टेट कारोबारी हैं और वर्तमान में दुबई से अपने वैश्विक बिजनेस का संचालन करते हैं। पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की सरकार के दौरान उन्होंने पाकिस्तान में बड़े पैमाने पर निवेश किया था और पाकिस्तान के प्रसिद्ध बहरिया टाउन प्रोजेक्ट के पीछे मलिक रियाज की ही कंपनी का हाथ बताया जाता है। आंकड़ों के अनुसार, रियाज की कुल संपत्ति लगभग 2 अरब डॉलर है। वर्ष 2025 में यह खुलासा हुआ था कि मलिक रियाज ने अपने पूरे परिवार के साथ यूएई की नागरिकता प्राप्त कर ली है।

यूएई और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के कारण

पाकिस्तान और यूएई के बीच रिश्तों में कड़वाहट लगातार बढ़ती जा रही है। इस साल की शुरुआत में पाकिस्तान ने 'इस्लामिक नाटो' के ढांचे के तहत सऊदी अरब और तुर्की के साथ एक नया गठबंधन बनाने की कोशिश की थी, जिससे यूएई नाराज हो गया था। इसके अलावा, ईरान जंग के दौरान जब पाकिस्तान को सीजफायर की जिम्मेदारी मिली, तो उसने यूएई को विश्वास में नहीं लिया और इस घटना के बाद यूएई ने पाकिस्तान से अपने कर्ज की राशि वापस मांग ली थी। काफी टाल-मटोल के बाद पाकिस्तान ने यूएई का कर्ज चुका दिया है, और अब पाकिस्तान की ओर से यूएई के नागरिक बन चुके अरबपति को वापस लाने की मांग को सीधे तौर पर यूएई के खिलाफ एक कदम माना जा रहा है।

अल-कादिर ट्रस्ट मामले में पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान फिलहाल जेल में बंद हैं और उनके खिलाफ कानूनी कार्यवाही चल रही है। पाकिस्तान की सरकार ने इससे पहले भी कई मौकों पर मलिक रियाज को दुबई से वापस लाने के लिए यूएई सरकार से संपर्क किया था, लेकिन उस समय बातचीत सफल नहीं हो पाई थी। अब पाकिस्तान सरकार द्वारा इंटरपोल की मदद लेना इस मामले में एक नया मोड़ माना जा रहा है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow