कोटा महंत हत्याकांड का खुलासा: 6 दिन की मशक्कत के बाद पुलिस ने हत्यारों को दबोचा
कोटा पुलिस ने महंत देवानंद महाराज के हत्यारों को 6 दिन में गिरफ्तार किया। सिटी एसपी 11 जून शाम 5:30 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस में करेंगी खुलासा।
राजस्थान के कोटा जिले में हुए चर्चित महंत देवानंद महाराज हत्याकांड में पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हासिल हुई है। पिछले 6 दिनों से चल रही सघन तलाश और जांच के बाद पुलिस ने आखिरकार हत्यारों को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। इस नृशंस हत्याकांड ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी थी और पुलिस प्रशासन पर आरोपियों को जल्द पकड़ने का भारी दबाव था और पुलिस की 1 दर्जन टीमें इस गुत्थी को सुलझाने के लिए दिन-रात एक कर रही थीं, जिसमें तकनीकी साक्ष्यों और जमीनी सूचनाओं का सहारा लिया गया।
1300 साल पुराने मठ में हुई थी वारदात
यह दर्दनाक घटना कोटा के बोरखेड़ा थाना इलाके में स्थित ऐतिहासिक 1300 साल पुराने चंद्रेसल मठ में घटित हुई थी। बीते शुक्रवार, 5 जून की देर रात, जब महंत देवानंद महाराज अपने कमरे में सो रहे थे, तब अज्ञात हमलावरों ने उन पर हमला कर दिया। हमलावरों ने महंत को चाकुओं से गोदकर बेरहमी से मौत के घाट उतार दिया था और इस घटना की जानकारी मिलते ही हिंदू संगठनों और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया था। विरोध प्रदर्शनों के बीच पुलिस ने आश्वासन दिया था कि दोषियों को जल्द ही सजा दिलाई जाएगी।
पुलिस की 12 टीमों ने किया खुलासा
हत्याकांड की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने तुरंत कार्रवाई शुरू की थी और जांच के लिए कुल 12 टीमें गठित की गई थीं, जिन्होंने अलग-अलग पहलुओं पर काम किया। 6 दिनों की कड़ी मेहनत और गहन जांच के बाद पुलिस हत्यारों तक पहुंचने में सफल रही। आज, 11 जून को शाम 5:30 बजे सिटी एसपी एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने वाली हैं। इस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से पुलिस हत्याकांड की पूरी परतों को खोलेगी और यह बताएगी कि इस हत्या के पीछे की मुख्य मंशा क्या थी और किस तरह से इस पूरी साजिश को अंजाम दिया गया था।
सवाई माधोपुर के रहने वाले थे महंत
संत देवानंद महाराज मूल रूप से सवाई माधोपुर जिले के चौथ का बरवाड़ा क्षेत्र के राजमना गांव के निवासी थे और उनकी हत्या के बाद से ही कोटा और सवाई माधोपुर दोनों जिलों में शोक की लहर दौड़ गई थी। उनकी अंतिम यात्रा सवाई माधोपुर के ढूंढा गांव से निकाली गई थी और उनका अंतिम संस्कार चाणक्य दह आश्रम में संपन्न हुआ था। इस दौरान संत समाज, ग्रामीणों और विभिन्न सामाजिक संगठनों के लोगों ने भारी संख्या में पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि दी थी। लोगों में इस घटना को लेकर गहरा गुस्सा था, जो अब आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद कुछ शांत होने की उम्मीद है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में होगा बड़ा खुलासा
आज 11 जून की शाम 5:30 बजे होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं। सिटी एसपी इस दौरान उन सभी सवालों के जवाब देंगी जो इस हत्याकांड से जुड़े हुए हैं। पुलिस यह स्पष्ट करेगी कि हत्यारों का उद्देश्य क्या था और क्या इस घटना में कुछ और लोग भी शामिल हैं। 6 दिन के भीतर इस हाई-प्रोफाइल मामले को सुलझाना कोटा पुलिस के लिए एक बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। 1300 साल पुराने मठ के महंत की हत्या के बाद से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी कई सवाल उठे थे, जिनका जवाब आज पुलिस की ब्रीफिंग में मिलने की संभावना है।
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