क्या मुज्तबा खामेनेई चीन शिफ्ट हुए? रूसी विमान Tu-214PU के तेहरान से बीजिंग पहुंचने पर चर्चा तेज
रूसी विमान Tu-214PU के तेहरान से बीजिंग जाने के बाद मुज्तबा खामेनेई के चीन शिफ्ट होने की अटकलें तेज हो गई हैं। जानें क्या है पूरा मामला।
ईरान के सुप्रीम लीडर मुज्तबा खामेनेई के वर्तमान स्थान और उनके स्वास्थ्य को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अटकलों का बाजार बेहद गर्म है। इन चर्चाओं को तब और अधिक बल मिला जब रूस के एक अत्यंत विशिष्ट और सुरक्षित विमान, Tu-214PU की संदिग्ध आवाजाही देखी गई। फ्लाइट रडार 24 द्वारा उपलब्ध कराए गए आंकड़ों के अनुसार, रूसी राष्ट्रपति के सीधे निर्देश पर इस विमान ने मॉस्को से उड़ान भरी और पहले तेहरान पहुंचा। तेहरान में कुछ ही घंटे बिताने के बाद, यह विमान सीधे चीन की राजधानी बीजिंग के लिए रवाना हो गया। इस विशेष उड़ान ने दुनिया भर के कूटनीतिक विशेषज्ञों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या मुज्तबा खामेनेई को इलाज या सुरक्षा के उद्देश्य से चीन स्थानांतरित कर दिया गया है।
Tu-214PU विमान की सुरक्षा और तकनीकी विशेषताएं
इस मिशन के लिए Tu-214PU विमान का चयन अपने आप में एक बड़ा संकेत है। इस विमान को रूस के हवाई बेड़े में सबसे सुरक्षित माना जाता है। इसकी सबसे बड़ी खूबी यह है कि उड़ान के दौरान यह किसी भी सामान्य सिग्नल के जरिए अपनी जानकारी साझा नहीं करता, जिससे इसे ट्रैक करना लगभग असंभव हो जाता है। इसके अलावा, यह विमान उन्नत मिसाइल रोधी प्रणालियों से लैस है, जो इसे किसी भी संभावित हमले से बचाने में सक्षम बनाती हैं। आमतौर पर इस तरह के विमानों का उपयोग केवल अत्यंत महत्वपूर्ण और गोपनीय यात्राओं के लिए किया जाता है। तेहरान से बीजिंग की इस यात्रा ने उन दावों को और पुख्ता कर दिया है कि इसमें कोई बहुत बड़ी हस्ती सवार थी।
मुज्तबा खामेनेई का स्वास्थ्य और फरवरी 2026 का हमला
मुज्तबा खामेनेई के इस संभावित स्थानांतरण के पीछे उनके गिरते स्वास्थ्य को एक मुख्य कारण माना जा रहा है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के एक बयान के अनुसार, मुज्तबा खामेनेई का शरीर 90 प्रतिशत तक खराब हो चुका है और उनकी स्थिति अत्यंत नाजुक है। उनकी इस स्थिति का संबंध फरवरी 2026 में हुए एक हमले से जोड़ा जाता है, जिसे अमेरिका और इजराइल ने मिलकर अंजाम दिया था। उस हमले के बाद से ही मुज्तबा खामेनेई को किसी भी सार्वजनिक मंच या मीडिया में नहीं देखा गया है और हाल ही में मशहद में उनके पिता अली खामेनेई का अंतिम संस्कार किया गया, जो ईरान के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण घटना थी। इस मौके पर भी मुज्तबा की अनुपस्थिति ने कई सवाल खड़े किए और यह माना जाने लगा कि वह या तो गंभीर रूप से बीमार हैं या उन्हें किसी सुरक्षित स्थान पर छिपा कर रखा गया है।
मॉस्को से बीजिंग तक का सफर और सुरक्षा कारण
कुवैती अखबार अल जरीदा ने मार्च 2026 में अपनी एक रिपोर्ट में दावा किया था कि मुज्तबा खामेनेई को शुरुआत में इलाज के लिए मॉस्को ले जाया गया था। हालांकि, वर्तमान में मॉस्को की स्थिति पहले जैसी सुरक्षित नहीं रही है और यूक्रेन के साथ चल रहे युद्ध के कारण मॉस्को पर लगातार हमले हो रहे हैं, जिससे वहां किसी उच्च स्तरीय नेता का इलाज करना जोखिम भरा हो सकता है। ऐसी स्थिति में चीन को मुज्तबा के लिए सबसे सुरक्षित स्थान माना जा रहा है। चीन की सुरक्षा व्यवस्था और वहां से डेटा निकालना किसी भी बाहरी एजेंसी के लिए बेहद कठिन है। इसके साथ ही, ईरान और चीन के संबंध हाल के वर्षों में काफी मजबूत हुए हैं और चीन ने न केवल आर्थिक रूप से ईरान की मदद की है, बल्कि हथियारों के पुर्जों के निर्यात में भी सहयोग किया है।
ईरान-अमेरिका तनाव और जासूसी का खतरा
ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव ने भी इस स्थानांतरण की संभावना को बढ़ाया है। ईरान को इस बात का भली-भांति आभास है कि इजराइल और अमेरिका की खुफिया एजेंसियां उसके शीर्ष नेतृत्व की तलाश में जुटी रहती हैं। अपने सुप्रीम लीडर को किसी भी संभावित हमले या जासूसी से बचाने के लिए उन्हें चीन जैसे शक्तिशाली मित्र देश में भेजना एक रणनीतिक कदम हो सकता है। हालांकि, ईरान की सरकार ने आधिकारिक तौर पर मुज्तबा खामेनेई या रूसी विमान की इस यात्रा को लेकर कोई बयान जारी नहीं किया है। लेकिन इस चुप्पी और विमान की रहस्यमयी आवाजाही ने दुनिया भर के विश्लेषकों को इस बात पर विचार करने के लिए मजबूर कर दिया है कि ईरान के नेतृत्व में कोई बड़ा बदलाव या सुरक्षात्मक कदम उठाया गया है।
What's Your Reaction?